पाकिस्तानी नेता सरदार शौकत अली कश्मीरी ने सोमवार को जेनेवा में इमरान सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा, ‘‘पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) का इस्तमाल आतंकवाद को बढ़ावा देने के लिए होता है। सरकार ने इसे आतंकवाद का लॉन्चिंग पैड बना रखा है।’’ शौकत यहां ‘आतंकवाद, उग्रवाद और मानवाधिकारों के उल्लंघन से निपटने के लिए जम्मू-कश्मीर की समकालीन चुनौतियां’ विषय पर एक कॉन्फ्रेंस के बाद मीडिया से बातचीत कर रहे थे।
यूनाइटेड कश्मीर पीपुल्स नेशनल पार्टी (यूकेपीएनपी) के अध्यक्ष शौकत ने कहा कि पीओके में लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद जैसे कई आतंकी संगठनों के ट्रेनिंग कैंप हैं। ये कश्मीर में आतंक फैलाने और कश्मीरियों को भड़काने का काम करते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘कश्मीर के दोनों हिस्सों में लोग मर रहे हैं। इसका मुख्य कारण पीओके में संचालित आतंकवादियों का ट्रेनिंग कैंप है। पीओके से आतंकवादी और पाकिस्तानी सेना गोलियां चलाती है। उन्हें भारतीय सेना भी काउंटर करती है। इस तरह से दोनों तरफ के लोगों की मौत हो रही है। आतंकियों को फंडिंग और समर्थन देना पाकिस्तान को बंद करना होगा।’’
अतिवाद और आतंकवाद हमारे क्षेत्र में बड़ी चुनौतियां
शौकत ने कहा, ‘‘अतिवाद और आतंकवाद हमारे क्षेत्र में बड़ी चुनौतियां हैं। इसलिए हम अपने लोगों को एकजुट और मजबूत करने की कोशिश कर रहे हैं। हम वैश्विक समुदाय के माध्यम से पाकिस्तान पर दबाव बनाने का काम कर रहे हैं, ताकि पाकिस्तान आतंकियों की मदद करना बंद कर दे।’’
हर तरह के आतंकवाद का विरोध करेंगे
काॅन्फ्रेंस में कई डिप्लोमेट्स, मानवाधिकार कार्यकर्ता, कश्मीर के नेताओं ने शिरकत की। सभी ने कश्मीर के दोनों हिस्सों में हर तरह के आतंकवाद, अतिवाद और मानवाधिकार के उल्लंघन का विरोध करने का प्रस्ताव पास किया।